NPR का विरोध करके क्या ख़ुद ही घिर गई कांग्रेस?
नागरिकता संशोधन क़ानून और एनआरसी को लेकर बहस अभी जारी ही थी कि केंद्र सरकार ने नेशनल पॉपुलेशन रजिस्टर यानी एनपीआ र को अपडेट करने को मंज़ूरी दे दी. इसके बाद विपक्षी दलों के नेताओं की ओर से यह सवाल उठाए जाने लगे कि सरकार का इरा दा एनपीआर के बाद एनआरसी लाने का है. कांग्रेस के नेताओं के अलावा एआईएमआईएम नेता और हैदराबाद के सांसद असदउद्दीन ओवैसी ने भी इस पर सवाल उठाए हैं. हालांकि, केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह ने हाल ही में एएनआई को दिए इंटरव्यू में कहा कि एन आरसी और एनआरपी में कोई संबंध नहीं है. उधर कांग्रेस की ओर से एनपीआर को मंज़ू री देने की टाइमिंग को लेकर भी सवाल ख ड़े किए जा रहे हैं. जवाब में बीजेपी का कहना है कि एनपीआर को लेक र अभी हंगामा कर रही कांग्रेस ने सत्ता में रहते हुए ख़ुद ने शनल पॉपुलेशन रजिस्टर (एनपीआर) तैयार किया था. बीजेपी में आईटी के राष्ट्रीय प्रभारी अमित मालवीय ने कुछ ट्वीट किए हैं और कहा है कि एनपीआर कांग्रेस के नेतृत्व वाली यूपीए सरकार के दौरान भी लाया गया था. उन्होंने तत्कालीन गृहमंत्री पी चिदंबरम का एक वीडियो भी ट्वीट किया है जिस में वह बता रहे हैं कि...